स्लशी (जमा हुआ फ़िज़ी पेय) असल में कहाँ से है?
फ़िज़ी स्लशी कैनसस के कॉफ़ीविल से आई है। 1958 में ओमार नेडलिक की आइसक्रीम की दुकान की सोडा मशीन ख़राब हो गई, तो उन्होंने बोतलबंद सोडा फ़्रीज़र में रखना शुरू कर दिया, और आधे जमे पेय ख़ूब चल निकले।
ख़राब मशीन और एक फ़्रीज़र
कैनसस के बार्न्स के एक किसान परिवार में पले नेडलिक ने दूसरे विश्व युद्ध में सेवा देने के बाद अपनी पहली आइसक्रीम की दुकान ख़रीदी। 1950 के दशक के अंत तक वे कॉफ़ीविल में एक दुकान चला रहे थे, जहाँ उनकी सोडा मशीन बार-बार परेशान करती थी। जब 1958 में वह ख़राब हो गई, तो उन्होंने सोडा को ठंडा रखने के लिए बोतलें फ़्रीज़र में रख दीं। खोलने पर ठंडी बोतलों का सोडा अधजमे बर्फ़ीले घोल में बदल गया। ग्राहकों को यह बहुत पसंद आया, और नेडलिक ऐसी मशीन बनाने में जुट गए जो यही जमा हुआ फ़िज़ बना सके।
एक संयोग से एक मशीन तक
जुलाई 1958 में दायर उनका पेटेंट आवेदन यह तरकीब समझाता है। कार्बोनेटेड पेय को एक बंद कक्ष में उसके हिमांक तक या उससे नीचे ठंडा किया जाता है, जबकि गैस का दबाव और ज़ोरदार घुमाव उसे तरल बनाए रखते हैं। खुले कप में डालते ही दबाव घटता है और उसका एक हिस्सा तुरंत बारीक क्रिस्टलों में जम जाता है। डैलस की एक कंपनी के साथ मिलकर उन्होंने पहली मशीनें बनाईं, सबसे पहली कार के एयर-कंडीशनिंग यूनिट से, और 1960 के दशक के मध्य तक लगभग 300 मशीनें बन चुकी थीं।
लोगों के मन में इटली क्यों आता है
इटली में एक मिलती-जुलती जमी हुई मिठाई है: ग्रानीता, जो सिसिली से आई है। यह नींबू, कॉफ़ी या फलों के रस से स्वाद दिए गए चीनी के शीरे से बनती है, जिसे जमते समय चलाया जाता है ताकि यह नन्हे बर्फ़ीले क्रिस्टलों का नरम ढेर बन जाए। स्लशी पेय के ज़्यादा क़रीब है, उसकी बनावट ज़्यादा तरल है, और नेडलिक की मशीन ने पहली बार इसे फ़िज़ी बनाया: एक कार्बोनेटेड पेय, जिसे परोसे जाने के पल तक जमने की कगार पर रखा जाता है।
स्रोत: en.wikipedia.org › Slush (beverage) ↗ · en.wikipedia.org › The Icee Company ↗ · en.wikipedia.org › Omar Knedlik ↗ · patents.google.com ↗ · en.wikipedia.org › Granita ↗